31 साल बाद फरवरी में रमजान का आगमन।फरवरी में रोजे से सहरी-इफ्तार का समय कम।बुलंदशहर में अल्लाह की इबादत का पवित्र महीना रमजान शुरू हो चुका है
आज चांद दिखने के बाद 20 फरवरी से रमजान का आगाज होगा डा मुस्सलीन पंवार डा मोहम्मद युनूस गुलजार अहमद मौहम्मद आलम शानू चौधरी ने बताया कि बुधवार 18 फरवरी को चांद नजर आया है। इसी रात तरावीह की नमाज का आगाज और गुरुवार 19 फरवरी से रोजे की शुरुआत होगी। ईद-उल-फितर मनाई जाएगी।इस्लामी विद्वानों के अनुसार रमजान हर वर्ष लगभग 10-11 दिन पहले आता है। करीब 31 वर्षों बाद रमजान का आगमन फरवरी माह में हो रहा है। फरवरी में रोजे पड़ने से सहरी और इफ्तार के बीच का समय अपेक्षाकृत कम रहेगा, जिससे रोजेदारों को शारीरिक रूप से कुछ सहूलियत मिलेगी।
