बुलंदशहर : स्थित काला आम शहीद चौक पर हजरत बाबा काले शाह रह. अलैह का 59वां सालाना उर्स बेहद अकीदत और एहतराम के साथ मनाया गया। इस मुकद्दस मौके पर मंगलवार, 17 फरवरी 2026 की रात एक विशाल महफिल-ए-समाअत का आयोजन किया गया, जिसमें मेरठ के विश्व प्रसिद्ध कव्वाल जनाब खलील साबरी साहब ने अपनी मखमली आवाज में सूफियाना कलाम पेश कर समां बांध दिया। कार्यक्रम की शुरुआत तिलावते कुरान से हुई, जिसके बाद रात भर चले कव्वाली के दौर में जायरीन झूमते नजर आए। मुख्य अतिथि नदीम अख्तर उर्दू अकादमी सदस्य उत्तर प्रदेश सरकार व श्री हरगोविंद सिंह उरस कमेटी अध्यक्ष एवं वसीम अहमद सिद्दीकी वरिष्ठ पत्रकार ने सामूहिक रूप से उर्स मुबारक का रिबिन काटकर शुभारंभ किया दरगाह के खादिम सज्जादा नशीन हाजी मुहम्मद यामीन चिश्ती साबरी के नेतृत्व में आयोजित इस जलसे में स्थानीय निवासियों के साथ-साथ दूर-दराज से आए अकीदतमंदों ने बाबा की बारगाह में हाजिरी दी और मुल्क में अमन, चैन व भाईचारे की दुआएं मांगीं। संचालन रिहान साबरी बुलंदशहर ने किया कार्यक्रम के समापन पर शिरकत करने वाले तमाम लोगों का शुक्रिया अदा किया गया और तबर्रुक तकसीम किया गया।
बुलंदशहर में हजरत बाबा काले शाह के 59वें सालाना उर्स की रूहानी महफिल संपन्न
